फुल वॉल्यूम 360° देश हेल्थ

Zydus Cadila : भारत को मिला छठे वैक्सीन का सौगात, जानें इसकी खासियत

zycov-d
Spread It

भारत में कोरोना संक्रमण को देखते हुए, वैक्सीनेशन ड्राइव में तेज़ी लाई गयी है। कई वैक्सीन को मंजूरी मिलने के बाद अब एक और वैक्सीन को आपातकालीन उपयोग के लिए मंजूरी दी गई है। दरअसल, Drug Controller General of India (DCGI) की ओर से जायडस कैडिला (Zydus Cadila) की कोरोना वैक्सीन को भारत में Emergency Use Authorization (EUA) की मंजूरी दे दी गई है।

जायडस कैडिला की कोरोना वैक्सीन का नाम ZyCoV-D है। इस वैक्सीन को मिशन COVID सुरक्षा के तहत DBT के साथ साझेदारी में विकसित किया गया है। खास बात ये है कि ये डीएनए पर आधारित दुनिया की पहली स्वदेशी वैक्सीन है और इस वैक्सीन को लगवाने में सुई का इस्तेमाल नहीं होगा। यह पहली प्लाज्मा डीएनए वैक्सीन है, जिसमें वायरस के जेनेटिक तत्वों का इस्तेमाल हुआ है।

ZyCoV-D को COVID-19 रिसर्च कंसोर्टिया के तहत प्रीक्लिनिकल स्टडीज के लिए National Biopharma Mission, फेज I और फेज II क्लिनिकल ट्रायल और तीसरे चरण के क्लिनिकल ट्रायल के लिए मिशन COVID सुरक्षा के तहत सपोर्ट किया गया है। इस वैक्सीन का ट्रायल इंसानों के साथ-साथ अन्य जानवरों पर भी हुआ है। 12 साल से ज्यादा उम्र के लोगों के लिए ये वैक्सीन सुरक्षित है।

बता दें कि जायडस कैडिला की वैक्सीन से पहले भारत के पास सीरम इंस्टीट्यूट की कोविशील्ड, भारत बॉयोटेक की कोवैक्सीन, रूस की स्पुतनिक वी, मॉडर्ना और जानसन एंड जॉनसन की वैक्सीन को मिलाकर कुल पांच टीके थे। जायडस कैडिला की मंजूरी के साथ ही अब भारत के पास कोरोना रोधी टीकों की कुल संख्या छह हो गई है।