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Uttar Pradesh ने शुरू की Paris Olympic की तैयारी, लिया दो खेलों को गोद

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टोक्यो ओलंपिक (Tokyo Olympic) में भारत ने अब तक का आपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर के 7 पदक जीतने के बाद पूरे देश में उत्साह है। 2024 में होने वाले पेरिस ओलंपिक (Paris Olympic) की तैयारी में भारत खास कर उत्तर प्रदेश अभी से ही जुट गई है। इसी सिलसिले में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो खेलों को जो ओलंपिक के हिस्सा होती हैं उन्हें गोद लेने का ऐलान किया है। इसमें से एक खेल कुश्ती होगा वहीं दूसरे खेल का नाम अभी तय नहीं किया गया है।

लखनऊ स्थित अटल बिहारी वाजपेयी इकाना स्टेडियम (Atal Bihari Bajpai Ikana Stadium) में टोक्यो ओलंपिक में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के लिए गुरुवार यानी 19 अगस्त को आयोजित सम्मान समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने हर गांव में कम से कम एक खेल का मैदान बनाने का भी वादा किया है। योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की कि राज्य सरकार कुश्ती समेत दो खेलों को अंगीकृत करके अगले 10 साल तक उनका वित्तपोषण करेगी। उन्होंने कहा कि इनमें से एक खेल कुश्ती होगा और दूसरा खेल, खेलकूद विभाग द्वारा चयनित किया जाएगा।


मुख्यमंत्री योगी ने आगे कहा, “उत्तर प्रदेश सरकार राज्य के हर गांव में एक खेल मैदान के निर्माण पर तेजी से काम कर रही है। मेरठ में खेल विश्वविद्यालय का भी निर्माण हो रहा है। प्रदेश सरकार मेजर ध्यानचंद के नाम पर एक खेल विश्वविद्यालय स्थापित करेगी। राज्य सरकार लखनऊ में एक कुश्ती अकादमी की भी स्थापना करेगी।”

उन्होंने बताया कि सरकार खेल कॉलेज में खिलाड़ियों की आहार धनराशि को भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) की तर्ज पर अब 250 रुपये से बढ़ाकर 375 रुपये प्रति दिन प्रति खिलाड़ी करने जा रही है।

इसके साथ ही उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) सरकार ने ओलंपिक खेलों, राष्ट्रमंडल खेलों, एशियाई खेलों और विश्व कप और विश्व चैंपियनशिप में उत्तर प्रदेश के विजेता खिलाड़ियों को राजपत्रित पदों पर सीधी भर्ती के माध्यम से नियुक्ति प्रदान करने और पुलिस में भी उपाधीक्षक का पद देने के लिए सहमति दे दी है।


उत्तर प्रदेश सरकार ओलंपिक में व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतने वाले राज्य के खिलाड़ियों को छह करोड़ रुपये, रजत पदक विजेताओं को चार करोड़, कांस्य पदक विजेताओं को दो करोड़ रुपए और टीम खेलों में स्वर्ण पदक जीतने पर तीन करोड़, रजत पदक पर दो करोड़ और कांस्य पदक पर एक करोड़ रुपए पुरस्कार स्वरूप उपलब्ध कराती है।


योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने कहा, “लेकिन भारत के खिलाड़ी देश के लिए खेले हैं । हम सब एक भारत श्रेष्ठ भारत के अभिन्न अंग हैं, इसीलिए हम लोगों ने अपनी इस नैतिक जवाबदेही का परिचय देते हुए यह तय किया कि हम लोग स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले देश के किसी भी खिलाड़ी को सम्मान स्वरूप दो करोड़ रुपए, रजत पदक विजेता को डेढ़ करोड़ रुपए और कांस्य पदक विजेता को एक करोड़ रुपये की राशि प्रदान करेंगे। आज यह राशि यहां पर इन सभी खिलाड़ियों को प्रदान की गई।”