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Jharkhand : ना पेट्रोल ना इलेक्ट्रिसिटी, ना ही सोलर सिस्टम, बस चाभी लगाइए और बाइक चलाते जाइये

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पेट्रोल डीज़ल की बढ़ती कीमतों ने आम आदमी का जीना मुश्किल कर रखा है। अब तो अपनी गाड़ी लेने का सपना भी सपना ही लगता है। आसमान छूती तेल की कीमतें कई लोगों के बाइक-कार का सपना तोड़ रही है। इलेक्ट्रिक वाहनों का चलन बढ़ रहा है। आज हम आपको बताने वाले हैं झारखंड (Jharkhand) के एक ऐसे शख्स और उनके इन्वेंशन के बारे में जो तेल की बढ़ती कीमतों के बीच आपका अपने स्कूटी-बाइक का सपना साकार करने में मदद कर सकती है।

झारखंड के एक शख्स ने ऐसी बाइक बनाई है जिसे, ना आपको जीवन में कभी चार्ज करना होगा ना ही उसमें पेट्रोल (Petrol) या डीज़ल (Diesel) डालने की जरूरत होगी। बस एक बार बाइक खरीदिये और जीवन भर उसे चलाते रहिए। इस मेड इन झारखंड बाइक (Made In India Jharkhand Bike) के डिज़ाइनर इन्वेंटर हैं कामदेव (Kamdev) । झारखंड के रहने वाले कामदेव ने ये अनोखी बाइक तैयार की है। दरअसल कामदेव की डिज़ाइन की गई बाइक एक इलेक्ट्रिक बाइक है जिसे झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी चला चुके हैं और उन्होंने काम देव के इस अविष्कार की काफी सराहना भी की है।

इस बाइक में लगभग वो सभी चीजें हैं जो किसी आम पेट्रोल से चलने वाली बाइक में होती है। हैंडल के बीचों-बीच मीटर लगा है जिसमें बैटरी कितनी चार्ज है, बाइक कितने किलोमीटर चली है इस प्रकार के डिटेल्स बाइक स्टार्ट करने पर नजर आते हैं साथ ही बाइक किस स्पीड पर चल रही है ये भी उस मीटर में दिखाई देता है। इस बाइक में हॉर्न, लाइट, एस्क्लेटर, ब्रेक लगे हुए हैं जो किसी आम स्कूटी में होते हैं। बाकायदा जिस तरीक़े से एक स्कूटी या बाइक की सीट डिज़ाइन होती है कुछ वैसा ही डिज़ाइन इसका भी है।

आपको बता दे की फ़िलहाल कामदेव एक नए प्रोजेक्ट पर भी काम कर रहे हैं। कामदेव ने इससे पहले एक इलेक्ट्रिक स्कूटर भी बनाया था जो कि मार्केट के आम इलेक्ट्रिक स्कूटरों से हटकर था। जहां उस इलेक्ट्रिक स्कूटर की बैटरी खत्म हुई वहां से आप उसे साईकल की तरह पैडल मार कर आगे ले जा सकते हैं। पैडल मारने से बैटरी चार्ज भी हो जाती है और बाइक आगे भी बढ़ती रहती है।

कामदेव अभी जिस प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं उसमें उन्होंने अपने प्रोजेक्ट को बाइक और स्कूटी दोनों ही फॉर्मेट्स में तैयार किया है। इस बाइक में पैडल मारने की भी जरूरत नहीं होगी। इस बाइक को कभी चार्ज करने की जरूरत नहीं होगी, बस चाभी लगाइए और बाइक चलाते जाइये। ना पेट्रोल ना इलेक्ट्रिसिटी, ना ही सोलर सिस्टम की, कुछ की भी जरूरत नहीं होगी।

अब सवाल आता है ये बाइक चलेगी कैसे ? दरअसल, इस बाइक में डाइनेमो लगे हुए हैं। डाइनेमो जो कि नॉर्मल कार या बाइक में बैटरी को चार्ज करने का काम करता है उसी का फॉर्मेट इस बाइक में लगाया गया है। इस बाइक में एक बैटरी लगी है जो कि गाड़ी के चलने के साथ-साथ चार्ज होती रहेगी। एक बार चार्ज होकर मिली गाड़ी को आप जितना चलाते जाएंगे, ये उसी के साथ चार्ज भी होती जाएगी। इसे कामदेव तैयार कर चुके हैं पर अभी मार्किट में लांच होने में समय है। पहले स्कूटी के रूप में इसे लांच किया जाएगा फिर बाइक की शक्ल दे कर इसे मार्केट में उतारा जाएगा।

आप इस गाड़ी को लगातार 2 हज़ार किलोमीटर तक चला सकते हैं। चुकी इस मशीन में कूलिंग फैन की जगह एक लिक्विड के रूप में कूलिंग फैक्टर डाला गया है उस के लिए आपकी इस बाइक की छोटी सी सर्विसिंग करानी होगी। कूलिंग फैक्टर के रूप में डाली गई लिक्विड को इस सर्विसिंग में रिफिल किया जाएगा।

ध्यान देने वाली बात ये है कि यह सर्विसिंग आपको लगातार स्कूटी या बाइक को 2 हज़ार किलोमीटर चलाने के बाद करानी होगी। यदि आप रोज 100-200 किलोमीटर बाइक को चलाते हैं तो आपको 7 से 8 महीने में एक बार यह सर्विसिंग करानी होगी। कामदेव ने कहा कि उम्मीद है कि अगले साल यानी कि 2022 तक यह बाइक मार्केट में उतार दी जाएगी। इस बाइक के मार्केट में आने से पेट्रोल की बढ़ती कीमतों से त्रस्त लोगों को थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।