एजुकेशन नोटिस बोर्ड

नहीं टलेगी यूपीएससी सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा की तारिख

सुप्रीम कोर्ट ने चार अक्टूबर को आयोजित होने वाली UPSC की प्रारम्भिक परीक्षा कोविड-19 वैश्विक महामारी के मद्देनजर स्थगित किए जाने से इनकार किया है। UPSC Civil Services Prelims Exam 2020 4 अक्टूबर को ही आयोजित की जाएगी। याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि यूपीएससी प्री परीक्षा स्थगित नहीं हो सकती है। इससे दूसरी परीक्षाओं पर भी प्रभाव पड़ेगा। न्यायालय द्वारा कहा गया कि आयोग परीक्षा के लिए जरूरी सभी नियमों का पालन करते हुए आवश्यक इंतजाम करे। यूपीएससी से कहा गया कि ‘कफ-कोल्ड’ पीड़ित उम्मीदवारों को अलग बैठाने की व्यवस्था करे ताकि अन्य उम्मीदवारों को इससे संक्रमण न हो सके। वहीं, संघ लोक सेवा आयोग ने उच्चतम न्यायालय में चल रही सुनवाई के दौरान अपने हलफनामा में जानकारी दी कि यदि सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा स्थगित की जाती है तो परीक्षा के आयोजन की तैयारियों पर हुए 50 करोड़ रुपये के व्यय का नुकसान हो सकता है।

यूपीएससी ने परीक्षा देने वाले परीक्षार्थियों के लिए एग्जाम में मास्क या फेस कवर पहनना अनिवार्य बना दिया है। बिना मास्क के किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा केन्द्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जायेगी। परीक्षार्थियों को कोविड-19 के नियमों का पालन करना होगा। उन्हें परीक्षा हॉल/कमरों के साथ परिसरों में भी सामाजिक दूरी का पालन करना होगा।

देशभर के 72 शहरों में होने वाली इस ऑफलाइन परीक्षा में 6 लाख उम्मीदवारों के शामिल होने के उम्मीद है। यूपीएससी ने कोविड-19 महामारी और बाढ़ से उत्पन्न स्थिति के बावजूद सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा को स्थगित करने के लिए दायर याचिका का न्यायालय में विरोध किया। न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर, न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति कृष्ण मुरारी की तीन सदस्ईय पीठ ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से इस मामले की सुनवाई करते हुए यूपीएससी से कहा कि आप मंगलावर तक हलफनामा दाखिल कीजिए। आपने जो भी तैयारियां की हैं उनकी जानकारी संक्षिप्त हलफनामे में दें।